चक्रवात ‘मोंथा’ से आंध्र प्रदेश को 5,265 करोड़ का नुकसान : मुख्यमंत्री

NATIONAL

Eksandeshlive Desk

अमरावती : आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू ने कहा कि चक्रवात ‘मोंथा’ के कारण राज्य को प्रारंभिक आकलन में 5,265 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। उन्होंने बताया कि मोंथा से कृषि क्षेत्र को 829 करोड़ रुपये और सड़क एवं भवन विभाग (आरएंडबी) को 2,079 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। चक्रवात से किसी की मौत नहीं हुई है। 120 मवेशी मारे गए हैं। उन्होंने कहा कि सिंचाई विभाग के संबंध में इस बार नुकसान कम है। गुरुवार को मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू ने चक्रवात से हुए नुकसान की समीक्षा की। बैठक में अधिकारियों ने उन्हें नुकसान का विवरण दिया। इसके बाद एक बयान में मुख्यमंत्री नायडू ने कहा कि चक्रवात मोंथा को लेकर शासन प्रशासन अलर्ट था, इसलिए नुकसान कम हुआ।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हम हर परिवार और घर को जियोटैग करने में सक्षम थे। हमने चक्रवात के कारण बदलते हालात के अनुसार निर्णय लिए गए। पहले अगर बिजली गुल हो जाती थी, तो 10 घंटे तक नहीं आती थी। अब अगर बिजली गुल भी हो जाती है, तो 3 घंटे के भीतर बहाल हो जाती है। सभी ने पूरी लगन से काम किया। मैं बहुत खुश हूं। उन्होंने बताया कि बारिश होने के बीच गिरे हुए पेड़ों को समय पर हटाया गया और काम को आसान बनाया गया। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक आपदाओं को कोई नहीं रोक सकता। समय रहते कदम उठाकर नुकसान को कम किया जा सकता है। चक्रवात को लेकर आंध्र प्रदेश के उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण ने कृष्णा ज़िले के अवनीगड्डा निर्वाचन क्षेत्र के कोडुर मंडल में क्षतिग्रस्त फसलों का मुआयना किया। उन्होंने चक्रवात से फसल की क्षति पर लगाई गई एक फोटो प्रदर्शनी का अवलोकन भी किया। इसके बाद मीडिया से कहा कि शुरुआती उपायों से मोंथा से हुए नुकसान को काफी हद तक कम किया गया है। मुख्यमंत्री नायडू ने दूरदर्शिता के साथ काफ़ी एहतियात बरती है। उन्होंने कहा कि लोगों को सचेत करने के लिए संदेश भेजे गए हैं। पवन ने कहा कि इस चक्रवात से 46 हज़ार हेक्टेयर की चावल और 14 हज़ार हेक्टेयर में बागवानी फ़सलों को नुकसान पहुंचा है। प्रत्येक ज़िला कलेक्टर और सरकारी तंत्र ने अच्छा काम किया है। हम चक्रवात प्रभावित क्षेत्रों के लोगों को मुफ़्त चावल उपलब्ध करा रहे हैं। उपमुख्यमंत्री पवन ने कहा कि हमने पुनर्वास केंद्रों में सभी सुविधाएं दी हैं। घर जाते समय हम प्रत्येक परिवार को 3 हज़ार रुपये दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि पंचायत राज विभाग को काफ़ी नुकसान हुआ है। गांवों में क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत का कार्य युद्धस्तर पर करेंगे।

Spread the love