विश्व आत्महत्या दिवस पर बोले
sunil Verma
रांची: सिर्फ इलाज नही बल्कि मोटिवेशन कर दोस्त की तरह व्यवहार करके लोगों के बीच आकर काम करने की जरूरत है। विफलताओं के बावजूद लोगों को आत्मविश्वास के साथ हौसला अफजाई करके संघर्ष करने की जरूरत है न कि आत्महत्या जैसे जघन्य अपराध का रास्ता अपनाना चाहिए । हरऐक परिस्थिति में सकारात्मक सोच से ही आत्महत्या से बचाव संभव है । उक्त बातें प्रेस क्लब के अध्यक्ष सुरेन्द्र लाल सोरेन बतौर मुख्य अतिथि रिनपास में आयोजित विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस के अवसर को संबोधित करते हुए नजर आये। उन्होंने अपने जीवन के कई बातों का जिक्र करते हुए लोगों को आत्महत्या से बचने की बात कही । वही रिनपास के निदेशक डॉ अमूल रंजन ने चेंजिग द नरेटिव आॅन सुसाइड विषय पर समाज में जागरूकता बढ़ाना तथा आत्महत्या विषयक सकारात्मक और संवेदनशील चल रहे विषय पर अपने विचार रखे। उन्होंने कहा कि मीडिया के माध्यम से समाज में जागरूकता बढ़ाने की जरूरत है । हमारे संस्थान इस विषय पर लगातार कार्य कर रही है । उन्होंने कहा कि रिनपास और सीआईपी में चल रहे कार्यक्रम को लगातार प्रकाशित करने से लोगों तक आत्महत्या से बचाव किया हो सकता है । मौके पर निदेशक डॉ अमूल रंजन , डॉ ज्योति सिमलय, प्रेस क्लब के सचिव अमरकांत, संयुक्त सचिव रतनलाल सहित रिनपास के छात्र-छात्राएं व चिकित्सक मौजूद थे।
