DEEPAK MISHRA
लातेहार: जिले में जंगली हाथियों का आतंक जारी है गुरुवार की देर रात को एक जंगली हाथी ने चंदवा थाना अंतर्गत माल्हन भंडार टोली गांव निवासी टिभरू गंझू को कुचल कर मार डाला। हालांकि घटना में टिभरू गंझू की पत्नी बाल बाल बच गई है इस घटना से गांव में दहशत का माहौल बन गया है। दरअसल टिभरू गंझू रात में अपने घर में सोया हुआ था देर रात वे शौच करने के लिये अपने घर से महज 20 मीटर की दूरी पर बाहर निकला था। बताया जा रहा है कि घर के बाहर ही एक पेड़ के पास में हाथी खड़ा था टिभरू को देखते ही हाथी ने उसपर हमला कर दिया। हालांकि टिभरू गंझू ने हल्ला मचाते हुये भागने का प्रयास किया लेकिन हाथी ने उसे अपनी चपेट में ले लिया। हालांकि, घटना के बाद टिभरू गंझू की पत्नी किसी प्रकार जान बचाकर वहां से भागने में सफल रही।
सूचना मिलने के बाद वन विभाग की टीम पहुंची : इधर घटना की जानकारी मिलने के बाद रेंजर नंद कुमार महतो के नेतृत्व में वन विभाग की टीम घटनास्थल पर पहुंची हुई है। वन विभाग की टीम ने पूरी स्थिति का जायजा लिया रेंजर के द्वारा मृतक की पत्नी को मुआवजा के रूप में तत्काल 40 हजार रुपये दिये गये हैं, जबकि शेष 3 लाख 60 हजार रुपये कागजी प्रावधान पूरी होने के बाद में दिये जाने की बात कही गई है। मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिये लातेहार सदर अस्पताल भेजा गया। इधर, रेंजर नंदकुमार महतो ने ग्रामीणों से अपील किया है कि अपने घरों के आसपास में किसी भी व्यक्ति को शराब नहीं बनाने दें। अधिकारी ने कहा कि ग्रामीण अपने घर में महुआ का शराब बिल्कुल ही नहीं रखें, क्योंकि हाथी को महुआ और महुआ के शराब का गंध मिल जाता है। शराब का गंध सूंघकर हाथी आ जाता है। जिले के माल्हन के इलाके में पिछले कई वर्षों से हाथियों का झुंड जमा हुआ रहता है। बता दें कि माल्हन के इलाके में हाथियों के द्वारा अक्सर लोगों के जान माल को नुकसान पहुंचाते आ रहे हैं। कुछ दिन पहले भी इसी इलाके में मालगाड़ी की चपेट में आने जाने से एक हाथी के बच्चे की मौत भी हो गया था। इसके बाद में काफी देर तक ट्रेन का परिचालन प्रभावित हो गया था। घना जंगली क्षेत्र होने के कारण से यह स्थान हाथियों के लिये सुरक्षित शरणस्थली बना हुआ है।
