सफेद जहर का कहर बना जंजाल,ईद मनाने आए युवक की ‘ड्रग्स और जहर’ से संदिग्ध मौत

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News by अशोक अनन्त

पांच संदिग्ध हिरासत में, क्या जोरी में बेखौफ बिक रहा है मौत का सामान

चतरा: झारखंड के चतरा जिले से रूह कंपा देने वाली खबर सामने आ रही है, जिसने न केवल एक परिवार की खुशियां छीन लीं, बल्कि पूरे प्रशासनिक तंत्र पर सवालिया निशान लगा दिया है। वशिष्ठ नगर जोरी थाना क्षेत्र के कलाल टोली में 24 वर्षीय एक युवक, मो. तनवीर, की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। परिजनों का सीधा और रोंगटे खड़े कर देने वाला आरोप है कि उनके बेटे को ड्रग्स में जहर मिलाकर मौत के घाट उतारा गया है। एक साल पहले सजे सेहरा और महज एक महीने के मासूम बच्चे की किलकारियों के बीच इस मौत ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। मृतक मो. तनवीर सिलीगुड़ी में काम करता था और अपने परिवार के साथ ईद मनाने के लिए घर आया था। उसे क्या पता था कि घर की दहलीज पर मौत उसका इंतजार कर रही है। मृतक के पिता शाहिद मियां का रो-रोकर बुरा हाल है। उन्होंने कलेजा चीर देने वाले शब्दों में बताया कि उनका बेटा ही घर का एकमात्र सहारा था। पिता का आरोप है कि कुछ युवकों ने तनवीर को नशीले पदार्थ में जहर मिलाकर पिला दिया। भाई सैफ अली के अनुसार, जब कुछ लोग तनवीर को घर छोड़कर भागे, तो उसके मुंह से सफेद झाग निकल रहा था। अस्पताल ले जाते ही डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। यह झाग और अचानक हुई मौत सीधा इशारा कर रही है कि मामला सामान्य नहीं, बल्कि एक सोची-समझी साजिश की ओर संकेत कर रहा है। मामले की गंभीरता को देखते हुए वशिष्ठ नगर जोरी थाना प्रभारी अमित कुमार सिंह दलबल के साथ मौके पर पहुंचे और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मृतक के पिता के आवेदन के आधार पर पांच युवकों को हिरासत में लिया है जिनसे कड़ी पूछताछ की जा रही है। थाना प्रभारी का कहना है कि मौत के सटीक कारणों का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चलेगा। लेकिन यहाँ सबसे बड़ा सवाल यह है अगर परिजनों का आरोप सही है, तो क्या जोरी थाना क्षेत्र में ड्रग्स का काला कारोबार बेखौफ चल रहा है? क्या नशे के सौदागर अब युवाओं की रगों में जहर घोल रहे हैं? अगर इलाके में नशीले पदार्थों की बिक्री हो रही है, तो स्थानीय प्रशासन को इसकी भनक क्यों नहीं लगी? यह घटना केवल एक मौत नहीं, बल्कि प्रशासन के लिए एक बड़ी चुनौती है। क्या पुलिस इन पांचों संदिग्धों से सच उगलवा पाएगी? क्या उस ‘सफेद जहर’ के असली किंगपिन तक कानून के हाथ पहुंचेंगे? फिलहाल, एक बेवा पत्नी और एक महीने का मासूम बच्चा इंसाफ की गुहार लगा रहा है। पूरा कलाल टोली इस वक्त गम और गुस्से में है। अब सबकी निगाहें पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर टिकी हैं, जो इस मौत के पीछे छिपे काले राज का पर्दाफाश करेगी।:

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