Eksandeshlive Desk
रांची : मेंबर्स इन इंडस्ट्री एंड बिज़नेस कमिटी ऑफ़ दी इंस्टिट्यूट ऑफ़ चार्टर्ड एकाउंटेंट्स ऑफ़ इंडिया नई दिल्ली के द्वारा “इनकम टैक्स एक्ट 2025” पर एक दिवसीय सेमिनार का आयोजन रैडिसन ब्लू होटल, रांची में किया गया। इस सेमिनार का उद्धघाटन मुख्य अतिथि मुख्य आयकर आयुक्त राजेश झा, रांची ने डीप प्रज्वलित कर किया। मुख्य अतिथि राजेश झा ने अपने संबोधन में कर प्रणाली में पारदर्शिता एवं अनुपालन के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने बताया कि नए इनकम टैक्स एक्ट के माध्यम से करदाताओं के लिए प्रक्रियाएं अधिक सरल एवं प्रभावी बनाई जा रही हैं। उन्होंने उपस्थित चार्टर्ड एकाउंटेंट्स से अपील की कि वे करदाताओं को सही मार्गदर्शन देकर राष्ट्र निर्माण में योगदान दें।
इस अवसर पर इंस्टिट्यूट के सेंट्रल कौंसिल सदस्य और मेंबर्स इन इंडस्ट्री एंड बिज़नेस कमिटी के अध्यक्ष सीए (डॉ.) अनुज गोयल ने समिति द्वारा किए जा रहे कार्यों पर प्रकाश डालते हुए बताया कि कमिटी उद्योग में कार्यरत सीए सदस्यों के लिए विभिन्न प्रशिक्षण कार्यक्रम, सेमिनार एवं नेटवर्किंग प्लेटफॉर्म उपलब्ध करा रही है। इसके माध्यम से सदस्यों की पेशेवर दक्षता एवं नेतृत्व क्षमता का विकास किया जा रहा है। उन्होंने उद्योग जगत और ICAI के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने की दिशा में किए जा रहे प्रयासों को भी साझा किया। इस सेमिनार के पहले तकनिकी सत्र को सम्बोहडित करते हुए नई दिल्ली के प्रत्यक्ष कर के विशेषज्ञ सीए अविनाश गुप्ता ने “इनकम टैक्स रूल – 2025” विषय पर विस्तृत चर्चा करते हुए व्यावहारिक उदाहरणों के माध्यम से जटिल प्रावधानों को स्पष्ट करते हुए बताया कि आयकर नियम 2025 का मुख्य उद्देश्य कर प्रणाली को अधिक पारदर्शी, सरल और डिजिटल बनाना है। इसमें करदाताओं के लिए रिटर्न फाइलिंग प्रक्रिया को आसान किया गया है तथा ऑनलाइन माध्यम को प्राथमिकता दी गई है। नए नियमों के तहत विभिन्न छूटों और कटौतियों को पुनर्गठित कर स्पष्टता प्रदान की गई है। साथ ही, कर चोरी पर नियंत्रण के लिए सख्त प्रावधान और डेटा विश्लेषण का उपयोग बढ़ाया गया है। यह नियम कर अनुपालन को बढ़ावा देने के साथ-साथ देश की आर्थिक व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
दूसरे सत्र में विशेषज्ञ सीए पुरुषोत्तम प्रसाद सिंह ने “इनकम टैक्स एक्ट 2025 – एक महत्वपूर्ण बदलाव” विषय पर अपने विचार प्रस्तुत करते हुए नए कानून को वर्तमान व्यवस्था से जोड़कर उसके प्रभावों को स्पष्ट रूप से समझाया। उन्होंने बताया कि यह अधिनियम कर प्रणाली में एक महत्वपूर्ण परिवर्तन लाने वाला है और इससे कर संरचना में व्यापक बदलाव देखने को मिलेंगे। अपने वक्तव्य में उन्होंने विभिन्न प्रावधानों की तुलना करते हुए उनके व्यावहारिक प्रभावों पर विस्तार से प्रकाश डाला। साथ ही, उन्होंने करदाताओं एवं पेशेवरों के लिए आवश्यक सावधानियों और अनुपालन संबंधी पहलुओं पर भी चर्चा की। दोनों विशेषज्ञों ने उपस्थित चार्टर्ड एकाउंटेंट्स के इनकम टैक्स एक्ट 2025 से संबंधित प्रश्नों का जवाब भी दिया। इस सेमिनार के शुरुआत में रांची शाखा अध्यक्ष सीए अनिश जैन ने अपने स्वागत भाषण में मुख्य अतिथि, वक्ताओं 200 से ज्यादा उपस्थित चार्टर्ड एकाउंटेंट्स का हार्दिक अभिनंदन करते हुए कहा कि यह सेमिनार कराधान से जुड़े नवीनतम प्रावधानों, परिवर्तनों एवं उनके व्यावहारिक प्रभावों को समझने और हम पेशेवरों को अद्यतन रखने में अत्यंत सहायक होगा। सेमिनार का संचालन सीए हर्ष वर्मा ने किया। सेमिनार के अंत में रांची शाखा के सचिव सीए दिलीप कुमार मुख्य अतिथि, वक्तागण और उपस्थित चार्टर्ड एकाउंटेंट्स धन्यवाद ज्ञापन दिया। इस सेमिनार के सफल आयोजन में रांची शाखा के उपाध्यक्ष सीए विवेक खोवाल, कोषाध्यक्ष सीए हरेन्दर भारती, सी पी इ कमिटी के अध्यक्ष सीए भुवनेश ठाकुर कार्यकारिणी सदस्य सीए अभिषेक केडिया और सीए निशांत मोदी का महत्वपूर्ण योगदान था।
