राजमहल/साहिबगंज: राजमहल अंचल क्षेत्र के गोसाईंगांव मौजा स्थित गैरमजरुआ जमीन पर अवैध कब्जा किए जाने तथा सरकारी आवास योजनाओं के दुरुपयोग का गंभीर मामला सामने आया है। इस संबंध में स्थानीय निवासी गंगाधर यादव ने साहिबगंज उपायुक्त को आवेदन सौंपकर पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कराने एवं दोषियों के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की मांग की है। दिए गए आवेदन में आरोप लगाया गया है कि राजमहल थाना क्षेत्र अंतर्गत मौजा गोसाईंगांव, जमाबंदी संख्या-22 एवं दाग संख्या-93 की लगभग छह कठा गैरमजरुआ जमीन पर कुछ लोगों द्वारा जबरन कब्जा कर निर्माण कार्य कराया जा रहा है। आवेदनकर्ता का कहना है कि उक्त भूमि संथाल परगना काश्तकारी अधिनियम के अंतर्गत आती है और इस पर किसी प्रकार का निजी कब्जा या निर्माण नियमों के विरुद्ध है। शिकायत में यह भी उल्लेख किया गया है कि विवादित जमीन पर अबुआ आवास योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना तथा इंदिरा आवास योजना जैसी सरकारी योजनाओं का लाभ लेकर निर्माण कार्य कराया गया है या कराया जा रहा है। आवेदनकर्ता ने इसे सरकारी राशि के दुरुपयोग के साथ-साथ वित्तीय अनियमितता का मामला बताते हुए कहा है कि एक ही मौजा, जमाबंदी और दाग संख्या की जमीन पर कई योजनाओं का लाभ लेने का प्रयास किया जा रहा है, जो प्रशासनिक नियमों के खिलाफ है। उन्होंने आरोप लगाया कि यदि समय रहते मामले की जांच नहीं हुई तो सरकारी भूमि पर अतिक्रमण की प्रवृत्ति और बढ़ सकती है तथा सरकारी योजनाओं की पारदर्शिता पर भी सवाल खड़े होंगे। आवेदन में उपायुक्त से मांग की गई है कि राजस्व विभाग एवं संबंधित अधिकारियों की संयुक्त टीम गठित कर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए, भूमि अभिलेखों का सत्यापन किया जाए तथा दोषी पाए जाने वाले लोगों के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। इस मामले को लेकर स्थानीय लोगों में भी चर्चा का माहौल बना हुआ है और प्रशासन की आगामी कार्रवाई पर सबकी नजर टिकी हुई है।
