Eksandeshlive Desk
रांची : झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी से आग्रह किया है कि वह अपने घायल भतीजे अभिषेक बनर्जी को बेहतर चिकित्सा सुविधा और सुरक्षा के लिए झारखंड भेजें। उन्होंने अभिषेक बनर्जी के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करते हुए पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की मांग की है। रविवार को जारी एक प्रेस विज्ञप्ति में स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में झारखंड सरकार अभिषेक बनर्जी को सर्वोत्तम चिकित्सा सुविधा, सुरक्षा और आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराने के लिए पूरी तरह तैयार है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर संवेदनशील है और जरूरत पड़ने पर हर संभव सहायता प्रदान करेगी।
डॉ. अंसारी ने अभिषेक बनर्जी के घायल होने की घटना पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि यह मामला लोकतांत्रिक मूल्यों और जनप्रतिनिधियों की सुरक्षा से जुड़ा है। उन्होंने कहा कि यदि किसी प्रकार के दबाव, भय अथवा प्रतिकूल परिस्थितियों के कारण उन्हें समुचित चिकित्सा सुविधा प्राप्त करने में कठिनाई हुई है या उपचार में कोई बाधा उत्पन्न हुई है, तो इसकी निष्पक्ष और पारदर्शी जांच होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में राजनीतिक मतभेद और वैचारिक प्रतिस्पर्धा स्वाभाविक हैं, लेकिन किसी भी जनप्रतिनिधि की सुरक्षा, सम्मान और स्वास्थ्य से समझौता नहीं किया जा सकता। राजनीतिक संघर्ष अपनी जगह है, लेकिन किसी व्यक्ति के स्वास्थ्य और जीवन को प्रभावित करने वाली परिस्थितियां गंभीर चिंता का विषय हैं। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों के परस्पर सम्मान तथा संवैधानिक मूल्यों के पालन पर आधारित होती है। उन्होंने कहा कि झारखंड सरकार ने हमेशा लोकतांत्रिक अधिकारों, अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और राजनीतिक विविधता का सम्मान किया है।
डॉ. अंसारी ने कहा कि स्वास्थ्य और मानवता किसी भी राजनीतिक विचारधारा या प्रतिस्पर्धा से ऊपर हैं। ऐसे मामलों में सभी दलों और सरकारों को राजनीतिक सीमाओं से ऊपर उठकर मानवीय दृष्टिकोण अपनाना चाहिए। उन्होंने उम्मीद जताई कि संबंधित मामले की निष्पक्ष जांच होगी और यदि किसी स्तर पर लापरवाही या दोष पाया जाता है तो उसके विरुद्ध उचित कार्रवाई की जाएगी। साथ ही उन्होंने अभिषेक बनर्जी के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करते हुए कहा कि जनप्रतिनिधियों की सुरक्षा और सम्मान सुनिश्चित करना लोकतांत्रिक व्यवस्था की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है।
