Eksandeshlive Desk
गिरिडीह : साइबर ठगी के आरोपी चुड़ामन मंडल को गिरफ्तार करने गई पुलिस टीम पर हमला करने और उसे छुड़ाने के मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस अधीक्षक (एसपी) डॉ. बिमल कुमार के निर्देश पर गठित विशेष टीम ने कार्रवाई करते हुए अहिल्यापुर थाना क्षेत्र के चिकसोरिया गांव निवासी जीतन मंडल और सूरज मंडल को गिरफ्तार किया है। रविवार को सदर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (एसडीपीओ) जीतबाहन उरांव ने दोनों आरोपितों की गिरफ्तारी की पुष्टि की। उन्होंने बताया कि सूरज मंडल को देवरी क्षेत्र से तथा जीतन मंडल को भरकट्ठा इलाके से गिरफ्तार किया गया है। दोनों की गिरफ्तारी अहिल्यापुर थाना कांड संख्या 21/2026 के तहत की गई है। एसडीपीओ ने बताया कि घटना की गंभीरता को देखते हुए एसपी डॉ. बिमल कुमार के निर्देश पर उनके नेतृत्व में एक विशेष जांच एवं गिरफ्तारी टीम का गठन किया गया था। इस टीम में गांडेय इंस्पेक्टर कमलेश पासवान, मुफस्सिल थाना प्रभारी सह इंस्पेक्टर श्याम किशोर महतो, साइबर थाना प्रभारी रामेश्वर भगत, अहिल्यापुर थाना प्रभारी पैनुल हक खान, ताराटांड़ थाना प्रभारी बुद्धेश्वर उरांव, बेंगाबाद थाना प्रभारी अमन कुमार, गांडेय थाना प्रभारी आनंद कुमार सहित कई पुलिस अधिकारी और जवान शामिल थे।
उल्लेखनीय है कि 10 जून की रात साइबर थाना पुलिस को सूचना मिली थी कि साइबर अपराधों में संलिप्त आरोपी चुड़ामन मंडल चिकसोरिया गांव में मौजूद है। सूचना के आधार पर साइबर पुलिस टीम ने छापेमारी कर उसे हिरासत में लिया था। इसी दौरान कुछ साइबर अपराधियों और असामाजिक तत्वों ने एकजुट होकर पुलिस टीम पर हमला कर दिया। आरोप है कि हमलावरों ने पुलिस टीम पर पथराव किया और हिरासत में लिए गए साइबर अपराधी चुड़ामन मंडल को छुड़ाकर फरार करा दिया। पथराव में पुलिस की सरकारी गाड़ी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई थी। हालांकि घटना में किसी पुलिसकर्मी के गंभीर रूप से घायल होने की सूचना नहीं है। घटना के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए व्यापक अभियान शुरू किया। लगातार छापेमारी और तकनीकी जांच के आधार पर दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस का कहना है कि घटना में शामिल अन्य आरोपियों की पहचान कर ली गई है और उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। एसडीपीओ जीतबाहन उरांव ने कहा कि सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने, पुलिस पर हमला करने और आरोपी को छुड़ाने की घटना में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। कानून हाथ में लेने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
