By Sunil
रांची। बीआईटी मेसरा व भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान भुवनेश्वर आईआईटी भुवनेश्वर ने अनुसंधानए शैक्षणिक सहयोगए नवाचार तथा संस्थागत क्षमता निर्माण के क्षेत्र में संरचित साझेदारी स्थापित करने के लिए शुक्रवार को एक समझौता ज्ञापन एमओयू पर हस्ताक्षर किया गया। यह समझौता पाँच वर्षों की सहयोग रूपरेखा प्रदान करता है,जिसे आपसी सहमति से आगे बढ़ाया जा सकता है। इसके अंतर्गत संयुक्त अनुसंधानए छात्रों का संयुक्त मार्गदर्शनए संकाय वं छात्र विनिमयए शैक्षणिक कार्यक्रम तथा प्रौद्योगिकी.आधारित नवाचार शामिल हैं। बीआईटी मेसरा के कुलपति प्रोफेसर इंद्रनील मन्ना ने कहा कि आईआईटी भुवनेश्वर के साथ यह सहयोग शैक्षणिक उत्कृष्टताए प्रभावशाली अनुसंधान और नवाचार.आधारित विकास की दिशा में बीआईटी मेसरा की निरंतर यात्रा का एक और महत्वपूर्ण मील का पत्थर है।इस एमओयू पर बीआईटी मेसरा के कुलपति प्रोफेसर इंद्रनील मन्ना व आईआईटी भुवनेश्वर के निदेशक प्रोफेसर श्रीपद करमलकर ने हस्ताक्षर किए। हस्ताक्षर समारोह में बीआईटी मेसरा के अनुसंधानए नवाचार व उद्यमिता,आरआईईद्ध के डीन प्रोफेसर राजू पोद्दार तथा रजिस्ट्रार डॉ राजेश जैन सहित दोनों संस्थानों के वरिष्ठ अधिकारी व संकाय सदस्य उपस्थित रहे। अनुसंधानए नवाचार व उद्यमिता आरआईइ के डीन प्रोफेसर राजू पोद्दार ने कहा कि इस साझेदारी के माध्यम से हमारा उद्देश्य अंतर.विषयक अनुसंधान को सशक्त बनानाए। हमारे छात्रों व संकाय सदस्यों के लिए सार्थक अवसर सृजित करना तथा सहयोगात्मक अनुसंधानए नवाचार और प्रौद्योगिकी विकास के माध्यम से राष्ट्रीय प्राथमिकताओं में योगदान देना है। आईआईटी भुवनेश्वर के निदेशक प्रोफेसर श्रीपद करमलकर ने कहा कि यह साझेदारी सहयोगात्मक अनुसंधानए शैक्षणिक उत्कृष्टता तथा ज्ञान के आदान-प्रदान को बढ़ावा देने के लिए आईआईटी भुवनेश्वर और बीआईटी मेसरा के साझा दृष्टिकोण को दशार्ती है। हमारे संस्थानों की सामूहिक विशेषज्ञता का लाभ उठाते हुए हम प्रभावशाली अनुसंधान परिणाम विकसित करनेए नवीन प्रौद्योगिकियों को बढ़ावा देने तथा राष्ट्रीय एवं वैश्विक चुनौतियों का समाधान करने में सक्षम भविष्य के नेतृत्व का निर्माण करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।यह साझेदारी उच्च शिक्षा और अनुसंधान के क्षेत्र में उत्कृष्टता के लिए प्रतिबद्ध देश के दो अग्रणी संस्थानों को एक मंच पर लाती है।
