टंडवा: विस्थापित फ्लाई ऐश एसोसिएशन एनटीपीसी टण्डवा चतरा के बैनर तले एनटीपीसी से निकलने वाली फ्लाई ऐश की ढुलाई का कार्य टिप-ट्रेलर वाहनों के माध्यम से वर्ष 2024 से लगातार करते आ रहे हैं। वर्ष 2026 का टेंडर में भी टिप-ट्रेलर चलाने का जिक्र किया गया है। जिसके दौरान टिप-ट्रेलर वाहनों के माध्यम से फ्लाई ऐश की ढुलाई का कार्य संचालित हो रहा था।विस्थापित फ्लाई ऐश एसोसिएशन एनटीपीसी, टण्डवा चतरा के अध्यक्ष ने बताया कि ऐश यूटिलाइजेशन से संबंधित पदाधिकारियों द्वारा टिप-ट्रेलर वाहनों का एनटीपीसी से चालान जारी करना बंद कर दिया गया है, जिसके कारण बड़ी संख्या में टिप-ट्रेलर वाहन खड़े हो गए हैं और उनके मालिक एवं चालक गंभीर आर्थिक संकट का सामना कर रहे हैं। वर्तमान में ऐश यूटिलाइजेशन से संबंधित पदाधिकारियों द्वारा यह जानकारी दी जा रही है कि हाइवा एसोसिएशन द्वारा एनटीपीसी को कोयला ढुलाई का कार्य ठप करने की धमकी देकर टिप-ट्रेलर वाहनों का परिचालन बंद कराने हेतु अनुचित दबाव बनाया जा रहा है। इस कारण टिप-ट्रेलर वाहनों का चालान जारी करना बंद कर दिया गया है। 03.09.2026 को विस्थापित फ्लाई ऐश एसोसिएशन की एक आपातकालीन बैठक आयोजित की गई। बैठक में उपस्थित सभी सदस्यों द्वारा सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि एनटीपीसी प्रबंधन एवं जिला प्रशासन इस मामले को गंभीरता से संज्ञान में लेते हुए विस्थापित परिवारों के हित एवं रोजगार की रक्षा के लिए टिप-ट्रेलर वाहनों से फ्लाई ऐश ढुलाई हेतु पुन: चालान जारी कराने एवं परिचालन प्रारंभ कराने की आवश्यक कार्रवाई करें। जिससे हम सभी पुन: रोजगार से जुड़ सके।इधर फ्लाई ऐश एसोसिएशन के सदस्यों द्वारा बताया गया है कि यदि टिप-ट्रेलर वाहनों का परिचालन पूर्ण रूप से बंद कर दिया जाता है, तो इससे सैकड़ों विस्थापित परिवारों के सामने रोजगार एवं आजीविका का गंभीर संकट उत्पन्न हो जाएगा तथा अनेक परिवारों के समक्ष भुखमरी जैसी स्थिति पैदा होने की आशंका है। आगे एनटीपीसी को चेतावनी देते हुए बताया कि यदि इस संबंध में जिला प्रशासन एवं एनटीपीसी प्रबंधन द्वारा दिनांक 05.09.2026 तक कोई ठोस एवं सकारात्मक निर्णय नहीं लिया जाता है, तो हम सभी विस्थापित फ्लाई ऐश एसोसिएशन के सदस्य दिनांक 06.09.2026 से एनटीपीसी में आ रही हाइवा से कोयले की परिचालन सम्पूर्ण तरीके से बंद कर देंगे साथ ही लोकतांत्रिक एवं शांतिपूर्ण तरीके से आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे। इस दौरान किसी प्रकार का विधि व्यवस्था में समस्या उत्पन्न या अप्रिय घटना होती है तो उसकी सारी जवाबदेही एनटीपीसी टण्डवा एवं जिला प्रशासन की होगी। इन सभी मामलों के लेकर अनुमंडल पदाधिकारी सिमरिया ज्ञान ज्ञापन सौंपते हुए अवगत कराया है। जिसकी एक एक कॉपी अंचल अधिकारी,थाना प्रभारी टंडवा को भी दी गई है।
