BY MUSTAFFA
मेसरा (रांची): मानवीय संवेदना और कर्तव्यनिष्ठा का बेहतरीन उदाहरण पेश करते हुए ओरमांझी थाना पुलिस ने भटककर टोल प्लाजा के पास पहुँची एक महिला को सकुशल उसके परिजनों तक पहुँचा दिया। पुलिस की त्वरित कार्रवाई और सूझबूझ से कुछ ही घंटों के भीतर परिवार की सूनी दुनिया में फिर से खुशियाँ लौट आईं। मंगलवार दोपहर करीब 3 बजे ओरमांझी टोल प्लाजा के पास एक महिला को भटकते देख थाना प्रभारी मनोज कुमार ने फौरन संज्ञान लिया। महिला को सुरक्षित शांति निकेतन आश्रम पहुँचाया गया। शुरुआती पूछताछ में वह सटीक पता नहीं बता पाई,लेकिन उसने रांची में किसी मार्केट,प्लास्टिक फैक्ट्री,सब्जी मार्केट और बड़े मंदिर के पास घर होने की जानकारी दी। मामले की गंभीरता को भांपते हुए थाना प्रभारी ने तुरंत रांची जिले के सभी थानों में सूचना प्रसारित कराई। इसी बीच पता चला कि टुपुदाना इंडस्ट्रियल एरिया (रांची) की रहने वाली 30 वर्षीय मोनिका पाल (मूल निवासी-मेरठ,उत्तर प्रदेश) की गुमशुदगी की रिपोर्ट उनके परिजनों द्वारा महिला थाना में दर्ज कराई गई थी। पुलिस के आपसी तालमेल से सूचना मिलते ही महिला के पति रिंकू पाल ओरमांझी स्थित शांति निकेतन पहुँचे। पुलिस ने आवश्यक औपचारिकताएँ पूरी कर मोनिका पाल को उनके पति के सकुशल सुपुर्द कर दिया। अपनों को सामने पाकर परिजनों की आँखें नम हो गईं। थाना प्रभारी मनोज कुमार ने कहा कि भटके हुए व्यक्ति को उसके अपनों तक पहुँचाना पुलिस का सबसे बड़ा मानवीय कर्तव्य है। ओरमांझी पुलिस की इस संवेदनशील पहल और त्वरित कार्यशैली की पूरे क्षेत्र में चौतरफा सराहना हो रही है।
