Eksandeshlive Desk
आइची-नागोया: भारतीय तीरंदाज धीरज बोम्मदेवरा और कुमकुम अनिल मोहोद ने एशियाई खेलों में मिश्रित रिकर्व टीम स्पर्धा में भारत को पहली बार रजत पदक दिलाया। भारतीय जोड़ी को शुक्रवार को फाइनल में चीन के झू जिंगयी और ली मेंगची के खिलाफ 3-5 से हार का सामना करना पड़ा। इस नतीजे का मतलब यह भी था कि भारत मिश्रित रिकर्व टीम स्पर्धा से मिलने वाले लॉस एंजिल्स 2028 ओलंपिक क्वालिफिकेशन कोटे से चूक गया। वहीं, चीन की जोड़ी ने एशियाई खेलों की इस स्पर्धा में स्वर्ण पदक के साथ लॉस एंजिल्स 2028 ओलंपिक का कोटा स्थान भी हासिल कर लिया।
मुकाबले की शुरुआत चीन ने मजबूत अंदाज में की। तीन संस्करण पुरानी इस स्पर्धा के पहले सेट में चीन ने आसानी से बढ़त हासिल की। भारत को कुमकुम के दूसरे तीर के सात अंक पर लगने से नुकसान हुआ और चीन ने पहला सेट अपने नाम कर लिया। दूसरे सेट में भी चीन ने अपनी बढ़त मजबूत की। भारत की ओर से धीरज ने एकमात्र 10 अंक हासिल किया, लेकिन चीन ने बढ़त बनाए रखी। तीसरे सेट में भारतीय जोड़ी ने शानदार वापसी करते हुए मुकाबले में रोमांच पैदा कर दिया। धीरज और कुमकुम दोनों ने 10-10 अंक हासिल किए, जबकि चीन की ली मेंगची का एक तीर सात अंक पर लगा। भारत ने यह सेट जीतकर मुकाबले का स्कोर 3-3 कर दिया। भारत को वापसी की उम्मीद थी, लेकिन चीन ने निर्णायक सेट में 37 अंक हासिल कर सेट का स्कोर बराबर कर दिया और शूट-ऑफ की संभावना खत्म कर दी। इस तरह चीन ने मुकाबला 5-3 से जीतकर स्वर्ण पदक अपने नाम किया, जबकि भारत को ऐतिहासिक रजत पदक से संतोष करना पड़ा।
इससे पहले सेमीफाइनल में भारत ने जापान की असाकुनो नानामी और नाकानिशी जुन्या की जोड़ी को 5-3 से हराकर फाइनल में जगह बनाई थी। जापान ने सेमीफाइनल में 3-1 की बढ़त बना ली थी, लेकिन भारतीय जोड़ी ने शानदार वापसी करते हुए लगातार चार अंक हासिल किए और स्वर्ण पदक मुकाबले में प्रवेश किया। इससे पहले, कुमकुम,अंकिता भकत और कीर्ति शर्मा ने महिला रिकर्व टीम फ़ाइनल में दक्षिण कोरिया को 5-3 से हराकर स्वर्ण जीता और एशियाई खेलों में इस इवेंट में भारत का पहला पदक हासिल किया। यह जीत आइची-नागोया खेल में भारत का 11वां स्वर्ण था, जबकि मिक्स्ड टीम के रजत पदक से देश के कुल पदकों की संख्या 68 हो गई, जिसमें 11 स्वर्ण, 24 रजत और 33 कांस्य पदक शामिल हैं। इस समय भारत पद तालिका में सातवें स्थान पर है। 17 साल की कुमकुम शुक्रवार को स्वर्ण जीतने वाली महिला टीम और रजत जीतने वाली मिक्स्ड टीम की जोड़ी, दोनों का हिस्सा थीं, जिससे वह इन खेलों में रिकर्व आर्चरी में भारत की प्रमुख खिलाड़ियों में से एक बन गईं।
