Eksandeshlive Desk
पश्चिमी सिंहभूम: जिले के मुफ्फसिल थाना क्षेत्र के पांड्राशाली ओपी अंतर्गत तुंगी गांव में घरेलू विवाद के बाद पत्नी की हत्या कर शव को घर के अंदर दफनाने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। पुलिस ने इस मामले में आरोपी पति राम हांसदा (49) को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार, घटना 17 अक्टूबर की रात की है। करीब एक सप्ताह बाद 24 अक्टूबर को घर के अंदर जमीन खोदकर महिला का शव बरामद किया गया। घटना के खुलासे के बाद इलाके में सनसनी फैल गई है।
रविवार को अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी के कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में प्रशिक्षु आईपीएस राज कुमार जेयराजू ने मामले की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि 24 अक्टूबर को पुलिस को सूचना मिली थी कि राम हांसदा ने अपनी पत्नी गुरबारी हांसदा की हत्या करने के बाद शव को घर के अंदर गाड़ दिया है। सूचना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर विशेष टीम गठित की गई और मामले की जांच शुरू की गई। पुलिस टीम ने खूंटपानी के अंचल अधिकारी और प्रतिनियुक्त दंडाधिकारी फुलेश्वर साव की मौजूदगी में आरोपी के घर की तलाशी ली। इस दौरान आरोपी की निशानदेही पर जमीन की खुदाई कर शव को बाहर निकाला गया। घटनास्थल की जांच के लिए रांची से फॉरेंसिक टीम भी पहुंची। टीम ने कथित तौर पर हत्या में इस्तेमाल की गई कुल्हाड़ी और खून लगी मिट्टी के नमूने एकत्र कर जब्त किए, ताकि वैज्ञानिक जांच के जरिए घटना से जुड़े साक्ष्य जुटाए जा सकें।
पुलिस की प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि 17 अक्टूबर की रात पति-पत्नी के बीच खाना नहीं बनाने को लेकर विवाद हुआ था। आरोप है कि इसी बात से नाराज होकर राम हांसदा ने अपनी पत्नी की हत्या कर दी। इसके बाद अगले दिन साक्ष्य छिपाने के उद्देश्य से शव को घर के अंदर जमीन में दफना दिया। हालांकि, मामले में हत्या की परिस्थितियों और घटनाक्रम की विस्तृत जांच जारी है। मृतका की बेटी नागी श्री गागराई के लिखित आवेदन के आधार पर मुफ्फसिल थाना (पांड्राशाली ओपी) में प्राथमिकी दर्ज की गई है। पोस्टमार्टम हाउस में मृतका की बेटी ने बताया कि उसके माता-पिता के बीच अक्सर विवाद होता रहता था। गुरबारी हांसदा मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करती थी। परिवार में पांच बच्चे हैं। इनमें तीन बेटियों की शादी हो चुकी है, जबकि दोनों बेटे बाहर रहकर काम करते हैं। आरोपी के पूर्व में भी हत्या, चोरी और हत्या के प्रयास जैसी घटनाओं में शामिल होने की चर्चा है, लेकिन इस कथित आपराधिक इतिहास की पुलिस रिकॉर्ड से पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस गिरफ्तार आरोपित से पूछताछ और अन्य साक्ष्यों के आधार पर मामले की आगे जांच कर रही है।
