Eksandeshlive Desk
चान्हो/राँची: पिरामल फॉउंडेशन के तहत पीएमश्री उच्च विद्यालय सिलागांई चान्हो में विद्यार्थियों द्वारा ‘मॉडल यूथ ग्राम सभा’ का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को ग्राम सभा की वास्तविक कार्यप्रणाली, जनभागीदारी, स्थानीय स्वशासन तथा लोकतांत्रिक प्रक्रिया की व्यावहारिक समझ एवं अनुभव प्रदान करना था।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने रोल-प्ले के माध्यम से ग्राम सभा की वास्तविक गतिविधियों का जीवंत प्रदर्शन किया। विद्यार्थियों ने ग्राम सभा में ग्राम प्रधान, सरपंच, सचिव, कृषि मित्र, जल सहिया, स्वास्थ्य सहिया, ग्रामीण, महिला प्रतिनिधि, युवा प्रतिनिधि एवं विभिन्न विभागों से जुड़े पात्रों की भूमिका निभाते हुए ग्राम की समस्याओं की पहचान, उनके समाधान पर चर्चा, विकास योजनाओं पर विचार-विमर्श तथा सामूहिक निर्णय लेने की प्रक्रिया को प्रस्तुत किया।
मॉडल यूथ ग्राम सभा में विद्यार्थियों ने शिक्षा, स्वच्छता, पेयजल, सड़क, स्वास्थ्य, बालिका शिक्षा, पर्यावरण संरक्षण, रोजगार तथा अन्य स्थानीय समस्याओं को विषय बनाकर चर्चा की। इस गतिविधि के माध्यम से विद्यार्थियों ने न केवल ग्राम सभा की प्रक्रिया को समझा, बल्कि लोकतांत्रिक सहभागिता, संवाद, नेतृत्व, जिम्मेदारी और सामूहिक निर्णय लेने के महत्व का भी अनुभव प्राप्त किया।
कार्यक्रम में शिक्षा विभाग के प्रतिनिधि इंतियाज अंसारी और राजेन्द्र देवघरिया, पिरामल फॉउंडेशन के प्रतिनिधि आकाश मिश्रा, स्थानीय जनप्रतिनिधि मुखिया, सरपंच, ग्राम प्रधान व अन्य तथा विद्यालय प्रबंधन समिति की अध्यक्षा मैजून खातुन व अन्य सदस्य की उपस्थिति ने विद्यार्थियों का उत्साह बढ़ाया। उपस्थित अतिथियों ने विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत मॉडल ग्राम सभा की सराहना करते हुए कहा कि इस प्रकार की गतिविधियाँ बच्चों को पाठ्यपुस्तक के ज्ञान से आगे बढ़कर व्यावहारिक नागरिक जीवन एवं लोकतांत्रिक व्यवस्था को समझने का अवसर प्रदान करती हैं।
इस रोल प्ले की तैयारी हेतु विद्यालय के शिक्षक रब्बानी अंसारी ने अपनी सक्रिय भूमिका निभाते हुए विद्यार्थियों को प्रतिभागी बनने के लिए प्रेरित किया साथ ही उन्हें मार्गदर्शित भी किया।
इस अवसर प्रधानाध्यापक राजू उरांव सहित विद्यालय के अन्य शिक्षक उपस्थित रहे। विद्यालय के शिक्षक रब्बानी अंसारी ने कहा कि ‘मॉडल यूथ ग्राम सभा’ जैसी गतिविधियाँ विद्यार्थियों में नेतृत्व क्षमता, निर्णय लेने की क्षमता, संवाद कौशल, सामाजिक जिम्मेदारी और लोकतांत्रिक मूल्यों को विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। कार्यक्रम के अंत में प्रधानाध्यापक ने सभी प्रतिभागियों एवं अतिथियों के प्रति आभार व्यक्त किया गया।
