News by Mustaffa
आरटीसी बीएड कॉलेज में संपन्न हुई सातवीं जिला स्तरीय प्रतियोगिता,320 खिलाड़ियों ने दिखाया दम
मेसरा/रांची: रांची जिला योगासन खेल संघ द्वारा आयोजित दो दिवसीय सातवीं जिला स्तरीय योगासन खेल प्रतियोगिता का भव्य समापन बूटी स्थित आरटीसी बीएड कॉलेज में हुआ। निदेशक पूजा सिंह व समन्वयक अजय सिंह के नेतृत्व में आयोजित इस प्रतियोगिता में जिले भर के विभिन्न स्कूलों और संस्थानों के लगभग 320 प्रतिभागियों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। नटराज योग संस्थान ने शानदार प्रदर्शन करते हुए कुल 18 गोल्ड मेडल के साथ प्रथम स्थान प्राप्त किया। वहीं,14 गोल्ड मेडल के साथ योगा जीनियस द्वितीय स्थान पर रहा। प्रतियोगिता में 12 गोल्ड मेडल के साथ तृतीय स्थान और 9 गोल्ड मेडल के साथ आमी योगा व डांस योग संस्थान ने अपनी जगह बनाई। व्यक्तिगत श्रेणी में रांची विश्वविद्यालय (स्कूल ऑफ योगा) के कविलाश कुमार बैठा ने ग्रुप सी में दो गोल्ड मेडल जीतकर अपनी श्रेष्ठता साबित की। समापन समारोह में मुख्य अतिथि पूर्व सांसद राम टहल चौधरी ने कहा कि योग से शरीर,मन और आत्मा का संतुलन प्राप्त होता है,जो आध्यात्मिक शांति के लिए अनिवार्य है। जेएससीए अध्यक्ष अजय नाथ सहदेव ने भारत को योग गुरु बताते हुए कहा कि योग जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाता है। कार्यक्रम में 29 किलोमीटर समुद्र में तैरने का अद्भुत कीर्तिमान रचने वाले सात वर्षीय नन्हे शशांक सिंह को विशेष रूप से सम्मानित किया गया। संघ की अध्यक्ष संतोषी कुमारी ने बताया कि उत्कृष्ट प्रदर्शन के आधार पर खिलाड़ियों का चयन राज्य स्तरीय प्रतियोगिता के लिए किया गया है। उन्होंने जानकारी दी कि यह संघ भारत सरकार के युवा एवं खेल मंत्रालय से मान्यता प्राप्त है और खिलाड़ियों को राष्ट्रीय मंच प्रदान करने के लिए निरंतर कार्य कर रहा है। इस अवसर पर खेल और योग जगत से जुड़ी कई विभूतियां मौजूद रहीं। कार्यक्रम को सफल बनाने में मुख्य रूप से,डॉ. रुद्र नारायण महतो,रणधीर चौधरी,शशांक,रेनू कुमारीराजीव रंजन,टी चाल्स,चंदू ,अमरेंद्र कुमार,रूपेश केशरी,पी चार्ल्स,रोहित अग्रवाल,राजीव वर्मा,चंदू कुमार सिंह,प्रशांत कुमार सिंह,डॉ. कालिदास,अमरेंद्र कुमार लाल,शकल देव चौरसिया,अजय महतो एवं प्रेम प्रकाश ने अपनी गरिमामयी उपस्थिति दर्ज कराई। कार्यक्रम के अंत में सभी सफल प्रतिभागियों को मेडल और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया,जबकि अतिथियों का स्वागत मेडल और अंग वस्त्र भेंट कर किया गया।
