By Amit Ranjan
ठेठईटांगर/सिमडेगा। ठेठईटांगर प्रखंड क्षेत्र में सोमवार दोपहर हुई बारिश के दौरान हुए बज्रपात ने किसानों को बड़ा नुकसान पहुंचाया। प्रखंड अंतर्गत कोनमेंजरा पंचायत में वज्रपात की चपेट में आने से 13 मवेशियों की मौत हो गई, जबकि केरिया पंचायत में भी 2 मवेशियों की मौत की सूचना है। इस प्रकार कुल 15 मवेशियों की मौत से ग्रामीणों में चिंता और मायूसी का माहौल है।जानकारी के अनुसार कोनमेंजरा पंचायत में अचानक हुई तेज बारिश और बज्रपात के दौरान खेतों के आसपास मौजूद मवेशी इसकी चपेट में आ गए। घटना में कई किसानों के बैल और अन्य मवेशियों की मौत हो गई। ग्रामीणों ने बताया कि वर्तमान समय खेती-बाड़ी की तैयारी का है और क्षेत्र के कई किसान अब भी खेत जोतने के लिए बैलों पर निर्भर हैं। ऐसे में इस घटना से उन्हें आर्थिक रूप से बड़ा झटका लगा है।घटना में जिन ग्रामीणों के मवेशियों की मौत हुई उनमें लखु लोहरा, कलित लोहरा, सितम लोहरा, जितेन्द्र लोहरा, नारायण बड़ाइक, जितन लोहरा, कृष्ण बड़ाइक, विक्टर टोप्पो एवं मनकु केवट शामिल हैं। वहीं केरिया पंचायत के मनबोध टोली निवासी जीवन टेटे का एक मवेशी तथा सुबित टेटे का एक मवेशी भी बज्रपात की चपेट में आने से मर गया।घटना की सूचना मिलने के बाद पंचायत की मुखिया सुषमा बिलुंग एवं प्रखंड प्रमुख बिपिन पंकज मिंज मौके पर पहुंचे और प्रभावित ग्रामीणों से मुलाकात कर स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से संपर्क कर आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया तथा प्रभावित किसानों को हरसंभव सहायता दिलाने का आश्वासन दिया। साथ ही बताया गया कि कोलेबिरा विधायक नमन बिक्सल कोनगाड़ी एवं उपायुक्त से मिलकर प्रभावित परिवारों को समय पर मुआवजा दिलाने का प्रयास किया जाएगा।मौके पर पंचायत अध्यक्ष रेने टेटे, प्रखंड यूथ कांग्रेस अध्यक्ष असित केरकेट्टा, सहबाज अली, कृष्ण बड़ाइक, राजा, सफिक सहित कई ग्रामीण मौजूद रहे।
