Eksandeshlive Desk
पलामू: प्रतिबंधित नक्सली संगठन भाकपा माओवादी के 10 लाख के इनामी नक्सली और जोनल कमांडर गोदराई यादव उर्फ संजय यादव को मुंबई में गिरफ्तार किया गया है। वह पलामू जिले के छतरपुर थाना क्षेत्र के देवगन गांव का रहने वाला है। झारखंड सरकार ने उस पर 10 लाख रुपये का इनाम घोषित कर रखा था। पुलिस को उसकी कई वर्षों से तलाश थी। हालांकि पलामू पुलिस ने संजय यादव उर्फ गोदराम के मुंबई से गिरफ्तार किए जाने की पुष्टि नहीं की है।
जानकारी के अनुसार, संजय यादव मुंबई में तीन अन्य लोगों के साथ एक स्थान पर बैठा हुआ था। इसी दौरान उसकी तस्वीर लेकर पलामू पुलिस को भेजी गयी। तस्वीर के आधार पर पुलिस ने संजय यादव की पहचान सुनिश्चित की। बाद में उसे स्थानीय स्तर पर पुलिस ने हिरासत में लिया। पूछताछ के दौरान उसकी पहचान हुई, जिसके बाद उसकी गिरफ्तारी की प्रक्रिया शुरू की गयी। गिरफ्तारी की सूचना मिलने के बाद पलामू पुलिस उसे जिले में लाने की तैयारी में जुट गयी है। संजय यादव को पलामू लाने के लिए पुलिस की विशेष टीम मुंबई रवाना हो चुकी है। पहले उसे मुंबई की अदालत में पेश किया जायेगा। वहां से ट्रांजिट रिमांड मिलने के बाद पुलिस उसे पलामू लायेगी। इसके बाद उसे पलामू न्यायालय में पेश कर न्यायिक हिरासत में भेजने की प्रक्रिया पूरी की जायेगी। इधर, पुलिस की नजर माओवादी संगठन के 15 लाख रुपये के इनामी रीजनल कमांडर नितेश यादव पर भी है। नितेश बिहार के गया जिले का रहने वाला बताया जाता है।
जानकारी के अनुसार, उसके भी मुंबई और आसपास के इलाकों में छिपे होने की आशंका है। संजय यादव की गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने नितेश यादव की तलाश में भी छापेमारी तेज कर दी है। पलामू पुलिस के लिए संजय यादव की गिरफ्तारी को बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। लंबे समय से फरार चल रहे इनामी उग्रवादी के पकड़े जाने से संगठन की गतिविधियों और उसके नेटवर्क से जुड़ी अहम जानकारियां मिलने की उम्मीद है। पुलिस उससे पूछताछ के आधार पर आगे की कार्रवाई की तैयारी कर रही है।
