मां रूपी सोरेन के दशकर्म संस्कार में शामिल हुए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन

Politics

परिजनों और ग्रामीणों की मौजूदगी में विधि-विधान के साथ निभाए गए संस्कार

Eksandeshlive Desk

रामगढ़: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने शनिवार को रामगढ़ जिले के अपने पैतृक गांव नेमरा में अपनी दिवंगत मां रूपी सोरेन के दशकर्म संस्कार की रस्में पूरी श्रद्धा और आस्था के साथ संपन्न कीं। इस अवसर पर परिवार के सदस्यों, परिजनों और स्थानीय ग्रामीणों की मौजूदगी में स्थानीय रीति-रिवाजों, सामाजिक परंपराओं तथा विधि-विधान का पालन किया गया।

दशकर्म संस्कार के अवसर पर दिवंगत आत्मा की शांति और सद्गति की कामना के साथ पारंपरिक धार्मिक अनुष्ठान किए जाते हैं। इन संस्कारों में प्रचलित परंपराओं के अनुसार शुद्धिकरण, तर्पण, पिंडदान तथा अन्य धार्मिक क्रियाएं शामिल हो सकती हैं। परिवार और समाज के लोग इस दौरान दिवंगत के प्रति श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए शोक संतप्त परिजनों के साथ अपनी संवेदनाएं साझा करते हैं। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने अपने पैतृक गांव में परिजनों एवं ग्रामीणों के साथ इन संस्कारों में सहभागिता निभाई। पूरे आयोजन में पारिवारिक परंपराओं, सामाजिक रीति-रिवाजों और श्रद्धा-भाव के साथ दशकर्म की रस्में संपन्न की गईं।

दिवंगत रूपी सोरेन झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री एवं दिशोम गुरु शिबू सोरेन की पत्नी थीं। उनके निधन से सोरेन परिवार सहित राज्य के राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्र में शोक की लहर है। दशकर्म हिंदू परंपरा में दिवंगत आत्मा की शांति और परिवार की धार्मिक मान्यताओं से जुड़ा महत्वपूर्ण संस्कार माना जाता है। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर पारंपरिक विधि-विधान का पालन करते हुए अपनी मां के प्रति श्रद्धा और कृतज्ञता व्यक्त की।

Spread the love