By Mustaffa
मउर सेरहावन की दिखी अनूठी परंपरा,नागपुरी गायक इग्नेश कुमार के गीतों पर जमकर झूमे लोग
मेसरा/ओरमांझी (राँची): रथ मेला समिति के तत्वावधान में पझरापानी,भण्डारबगीचा (बारीडीह,ओरमांझी) में आयोजित होने वाला वार्षिक रथ मेला और सांस्कृतिक कार्यक्रम अत्यंत शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ। गुरूवार दोपहर से आयोजित इस भव्य मेले में भारी संख्या में श्रद्धालुओं और दर्शकों की भीड़ उमड़ी। मेले में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित पूर्व सांसद रामटहल चौधरी ने महाप्रभु जगन्नाथ की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की और रथ खींचकर मेले का शुभारंभ किया। इस अवसर पर विशिष्ट अतिथि के रूप में पूर्व विधायक रामकुमार पाहन सहित क्षेत्र के कई गणमान्य जनप्रतिनिधि व सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित रहे। अतिथियों ने अपने संबोधन में क्षेत्रवासियों को बधाई देते हुए कहा,झारखंड की पावन धरती कला,संस्कृति और अटूट आस्था से समृद्ध है। पझरापानी का यह ऐतिहासिक रथ मेला हमारी इसी सांस्कृतिक धरोहर को संजोए रखने का एक बेहतरीन माध्यम है। यह भव्य आयोजन समाज में आपसी भाईचारे,सौहार्द और अटूट एकता को और अधिक मजबूत करता है। मेले में परंपरा और संस्कृति का एक बेहद खूबसूरत और जीवंत रूप देखने को मिला। मेले के दौरान कई नवविवाहिता जोड़े अपनी पारंपरिक रस्म निभाने पहुंचे। नवविवाहित दंपतियों ने पूरी श्रद्धा और रीति-रिवाज के साथ मउर सेरहावन (शादी के पवित्र मुकुट का विसर्जन) की रस्म पूरी की। पारंपरिक परिधानों में सजे जोड़ों ने महाप्रभु जगन्नाथ के दर्शन किए और सुखी व मंगलमय दांपत्य जीवन के लिए आशीर्वाद मांगा। इस अनुपम पारंपरिक दृश्य ने मेले में आए तमाम दर्शकों और श्रद्धालुओं का मन मोह लिया। मेले का मुख्य आकर्षण यहाँ का भव्य सांस्कृतिक मंच रहा। झारखंड के सुप्रसिद्ध नागपुरी लोकगीत गायक इग्नेश कुमार और उनकी संगीत टीम ने मंच पर आते ही समां बांध दिया। इग्नेश कुमार ने एक से बढ़कर एक सुपरहिट नागपुरी गीतों की शानदार प्रस्तुति दी। उनके गीतों की थाप पर दर्शकों का उत्साह चरम पर था और उपस्थित भारी जनसैलाब थिरकने और झूमने पर मजबूर हो गया। मेले को सफल बनाने में मेला समिति के पदाधिकारियों के साथ-साथ स्थानीय समाजसेवियों और जनप्रतिधियों ने मुख्य भूमिका निभाई। मेला समिति के सदस्यों ने बेहद शांतिपूर्ण,गरिमामयी और आपसी भाईचारे के साथ ऐतिहासिक मेला संपन्न होने पर मुख्य अतिथि,विशिष्ट अतिथियों,दूर-दराज से आए कलाकारों और सभी स्थानीय ग्रामीणों का सहृदय आभार व्यक्त किया।
