रांची। राजेंद्र आयुर्विज्ञान संस्थान (रिम्स), रांची में संस्थान के समग्र विकास, अधोसंरचना सुदृढ़ीकरण व चिकित्सा सेवाओं के विस्तार को लेकर स्वास्थ्य विभाग व रिम्स प्रबंधन की ओर से सोमवार को समीक्षा बैठक की गई। जिसमें विभाग की ओर से उप सचिव मनोज कुमार, रिम्स प्रबंधन की ओर से निदेशक, डीन, चिकित्सा अधीक्षक व सभी विभागाध्यक्ष उपस्थित रहे। साथ ही भवन निर्माण व पीएचईडी विभाग के अधिकारियों ने भी बैठक में भाग लिया। बैठक में नवीनीकरण व सिविल निर्माण कार्यों, ओपीडी व आईपीडी सेवाओं, वार्डों के उन्नयन, मरीज की सुविधाओं व विभागीय आवश्यकताओं की प्रगति की समीक्षा की गई। साथ ही, एमबीबीएस सीटों को 180 से बढ़ाकर 250 किए जाने के बाद राष्ट्रीय आयुर्विज्ञान आयोग के मानकों के अनुरूप आवश्यक अधोसंरचना, मानव संसाधन, शिक्षण सुविधाओं, क्लिनिकल सामग्री व अन्य आवश्यकताओं की भी विस्तृत समीक्षा की गई। निदेशक ने संबंधित अधिकारियों व विभागाध्यक्षों को लंबित कार्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने, निर्माण व नवीनीकरण कार्यों में गुणवत्ता सुनिश्चित करने व 250 एमबीबीएस सीटों के अनुरूप आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। ओपीडी व आईपीडी में मरीजों की सुविधा, बेहतर कार्यप्रवाह, वार्ड क्षमता, शिक्षण व प्रशिक्षण सुविधाओं व विभागों की आवश्यकताओं को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने पर विशेष जोर दिया गया। निदेशक ने कहा कि 250 एमबीबीएस सीटों की वृद्धि रिम्स के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है, जिसके अनुरूप संस्थान की अधोसंरचना व शैक्षणिक-चिकित्सीय सुविधाओं को और सुदृढ़ करना आवश्यक है। उन्होंने सभी विभागों के बीच प्रभावी समन्वय व नियमित मॉनिटरिंग के माध्यम से निर्धारित लक्ष्यों को ससमय पूरा करने का निर्देश दिया।
