Eksandeshlive Desk
कोलकाता : भारतीय क्रिकेट टीम के मुख्य कोच गौतम गंभीर ने रविवार को ईडन गार्डन्स की कठिन पिच का पुरजोर बचाव करते हुए कहा कि यह बिल्कुल वैसी ही पिच थी, जैसी उन्हें चाहिए थी। उनका कहना है कि यह ऐसी पिच नहीं थी, जहां आप बल्लेबाजी नहीं कर सकें। अगर लंबे समय तक टिकने और बल्लेबाजी करने का जज्बा हो, तो खिलाड़ी यहां रन बना सकते थे। ईडन गार्डन्स में खेले गए पहले टेस्ट मैच में रविवार को दक्षिण अफ्रीका ने भारतीय टीम को 30 रनों से हराया। मैच में मेहमान टीम ने पहली पारी में 159 रन बनाए, जबकि भारतीय टीम ने पहली पारी में 189 रन बनाए और 30 रन की बढ़त ली। दूसरी पारी में 153 रन पर सिमटकर अफ्रिका ने भारत के सामने 124 रनों का लक्ष्य रखा। भारतीय टीम की बल्लेबाजी दूसरी पारी में बेहद खराब रही और टीम 93 रन पर सिमट गई। यह मैच मात्र ढाई दिन में ही समाप्त हो गया।
मुश्किल पिच पर बल्लेबाजों का संघर्ष : प्रेस कांफ्रेंस में गौतम गंभीर ने कहा कि यह बिल्कुल वैसी ही पिच है जैसी हमें चाहिए थी। मुझे लगता है कि क्यूरेटर ने बहुत मदद की। यही हमें चाहिए था और यही हमें मिला। गंभीर ने कहा कि इस विकेट में कोई कमी नहीं थी। यह ऐसी पिच नहीं थी, जहां आप बल्लेबाजी नहीं कर सकते। उन्होंने कहा कि टेस्ट क्रिकेट में शुरुआती 10-15 मिनट कठिन होते हैं। अगर वो निकाल लेते हैं तो आपके लिए जीचे आसान होती चली जाती हैं। अगर हम हमेशा विकेट के बारे में ही बात करते रहेंगे, तो कोई फायदा नहीं। हम बात कर रहे हैं टर्निंग विकेट की, जबकि यहां तेज गेंदबाजों ने सबसे ज्यादा विकेट लिए हैं। गंभीर ने कहा कि मुझे नहीं लगता कि बहुत ज्यादा मुश्किल विकेट था। ये ऐसा विकेट था, जहां आपकी तकनीक, मानसिक दृढ़ता की परीक्षा होती है। अगर आप लंबा खेलने का देख रहे हैं तो आप रन बना सकते हैं, लेकिन अगर आप आक्रामक क्रिकेट खेलने की कोशिश करेंगे, तो यह मुश्किल होगा। जिन बल्लेबाजों ने अच्छा डिफेंस किया, चाहे वो केएल राहुल हों, टेम्बा (अफ्रीकी कप्तान) हों या वाशि (वाशिंगटन सुंदर) सबने रन बनाए। अगर आपका डिफेंस मजबूत है, अगर आपमें धैर्य है, तो आप इस विकेट पर जरूर रन बना सकते हैं।
पंत ने कहा- हमें लक्ष्य हासिल करना चाहिए था : इस मुकाबले में पिच को लेकर सोशल मीडिया पर बहस छिड़ी हुई है। पूरे मैच में कोई भी टीम किसी पारी में 200 रन का आकड़ा तक नहीं छू सकी। मैच के पहले दिन 11 विकेट गिरे, जबकि दूसरे दिन 15 बल्लेबाज आउट हुए। फिर तीसरे दिन भी विकेट्स गिरने का सिलसिला जारी रहा और यह मैच ढाई दिन में ही समाप्त हो गया। पूरे मैच में बल्लेबाज संघर्ष ही करते नजर आए। दक्षिण अफ्रिका के कप्तान टेम्बा बावुमा (नाबाद 55 रन) के अलावा दोनों टीमों की ओर से अन्य कोई भी बल्लेबाज अर्धशतक भी नहीं लगा सका। भारतीय टीम के उपकप्तान ऋषभ पंत ने पोस्ट मैच प्रेजेंटेशन सेरेमनी में कहा कि हम इस लक्ष्य को हासिल कर सकते थे, लेकिन दूसरी पारी में हम पर दबाव बढ़ता गया। नियमित कप्तान शुभमन गिल के चोटिल होने के बाद मैच में पंत कप्तानी कर रहे थे। पंत ने कहा कि इस तरह के मैच में आप ज्यादा नहीं सोच सकते। हमें इस स्कोर को हासिल करना चाहिए था। दूसरी पारी में हम पर दबाव बढ़ता गया। रविवार सुबह दूसरी पारी में दक्षिण अफ्रीकी कप्तान टेम्बा बावुमा और कॉर्बिन बॉश की बल्लेबाजी पर पंत ने कहा कि टेम्बा और बॉश ने शानदार साझेदारी की और इसी ने उन्हें मैच में वापस ला दिया। पंत ने कहा कि विकेट से मदद मिल रही थी। ऐसे में 120 के करीब का लक्ष्य भी मुश्किल हो जाता है, लेकिन एक टीम के तौर पर हमें दबाव को झेलने में सक्षम होना चाहिए। पंत ने कहा कि हम मजबूत वापसी करेंगे।
टेम्बा बावुमा ने कहा- बहुत रोमांचक मैच रहा : मैच जीतने के बाद दक्षिण अफ्रीकी कप्तान टेम्बा बावुमा ने कहा कि बहुत रोमांचक मैच रहा। आप इस तरह के मैचों का हिस्सा बनना चाहते हैं और स्पष्ट रूप से नतीजों के पक्ष में रहना चाहते हैं। मुझे लगता है कि हमने मैच में अपनी पकड़ बनाए रखने की पूरी कोशिश की। हमें पता था कि बल्लेबाजी मुश्किल होगी, हमारे लिए भी मुश्किल थी, लेकिन हमें जो भी मौका मिला उसका फायदा उठाना था। मुझे लगता है कि हमने यह बखूबी किया। खुशकिस्मती से सब कुछ ठीक रहा। हमारे गेंदबाजों ने हमें मैच में वापस ला दिया। इसी के साथ दक्षिण अफ्रीका ने दो मैचों की टेस्ट सीरीज में 1-0 से बढ़त बना ली है। सीरीज का दूसरा टेस्ट मैच 22 नवंबर से गुवाहाटी में खेला जाएगा।
