अशोक अनन्त
हंटरगंज (चतरा): चतरा जिले के हंटरगंज थाना क्षेत्र अंतर्गत जजलो स्थित बंद पत्थर खदान में 26 जून को बरामद हुई अज्ञात युवती की लाश की गुत्थी को पुलिस ने पूरी तरह सुलझा लिया है। जिसे दुर्घटना या अज्ञात हत्या माना जा रहा था, वह दरअसल अदालत में होने वाली गवाही से बचने के लिए रची गई एक खौफनाक साजिश निकली। अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी ने मामले का खुलासा करते हुए मुख्य आरोपी (प्रेमी) समेत दो अभियुक्तों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। पुलिस अधीक्षक के द्वारा गठित विशेष टीम की जांच में मृतका की पहचान बिहार के गया (डोभी) अंतर्गत ग्राम अछमा की रहने वाली दिव्या कुमारी (23 वर्ष) के रूप में हुई। दिव्या का प्रेम-प्रसंग गया जिले के शेरघाटी (कुबड़ी) निवासी राहुल कुमार यादव के साथ चल रहा था। दोनों के बीच अक्सर अनबन और विवाद होता रहता था। तंग आकर दिव्या ने शेरघाटी थाने में राहुल के खिलाफ मामला दर्ज कराया था, जिसमें आरोपी जेल भी जा चुका था। इस मामले में आगामी 1 जुलाई को शेरघाटी कोर्ट में दिव्या की गवाही निर्धारित थी। सजा के डर से बौखलाए राहुल ने अपने साथी नेपाली गंजू के साथ मिलकर दिव्या को रास्ते से हटाने की साजिश रची। एक योजना के तहत 24 जून को राहुल ने दिव्या को बहला-फुसलाकर अपनी कार में बैठाया। रास्ते में उसकी हत्या कर दी गई और साक्ष्य मिटाने की नियत से शव को हंटरगंज स्थित जजलो के एक सुनसान बंद पत्थर खदान में फेंक दिया। मामले के अनुसंधान के दौरान तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने पहले नेपाली गंजू और फिर फरार चल रहे मुख्य आरोपी राहुल कुमार यादव को दबोच लिया। पूछताछ में दोनों ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया है।
