शातिर ‘तालाबंद’ गैंग का पर्दाफाश: बंद घरों की रेकी कर उड़ाते थे लाखों, ओरमांझी पुलिस ने दबोचा

Crime

Eksandeshlive Desk

​मेसरा (रांची) : राजधानी के ओरमांझी इलाके में बंद घरों को निशाना बनाने वाले एक अंतर-जिला चोर गिरोह का पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने इस मामले में गिरोह के तीन शातिर सदस्यों को गिरफ्तार किया है, जो सुनसान घरों की रेकी कर बड़ी सफाई से हाथ साफ करते थे। इनके पास से नकद, मोबाइल और चोरी में प्रयुक्त दो बाइक बरामद की गई हैं। पुलिस ने जिन तीन आरोपितों को गिरफ्तार किया है, उनका विवरण इस प्रकार है ​मृत्युंजय कुमार उर्फ बॉबी(25 वर्ष), पिता गौतम कुमार, जो मूल रूप से ग्राम-महुवार, थाना-हरला, जिला बोकारो का रहने वाला है। वर्तमान में यह केदल बीआईटी में रह रहा था। ​पारस कुमार चौधरी (23 वर्ष), पिता भुवनेश्वर चौधरी। यह हरिहर सिंह रोड, मोराबादी (थाना-लालपुर), रांची का निवासी है। इसका स्था पता ग्राम-भीगोडीह (थाना-धनवार), जिला गिरिडीह है।

हरप्रीत सिंह मोन्टी (38 वर्ष), पिता अमरजीत सिंह। यह गोविन्द सिंह कॉलोनी, बोकारो स्टील सिटी (थाना-चास), जिला बोकारो का रहने वाला है। प्राप्त जानकारी के अनुसार ​घटना का खुलासा तब हुआ जब पीड़ित विक्रांत तिवारी अपने परिवार के साथ घर लौटे। उन्होंने देखा कि उनके दरवाजे पर एक नया ताला लगा हुआ था। जैसे ही ताला तोड़कर वे अंदर घुसे,सारा सामान बिखरा मिला। चोरों ने करीब 7 लाख 28 हजार नकद और लगभग 60 लाख रुपये के जेवरातों पर हाथ साफ कर दिया था। चोरों की यह नई कार्यशैली (Modus Operandi) थी कि वे चोरी के बाद घर पर अपना ताला लगा देते थे ताकि पड़ोसियों को लगे कि परिवार अभी घर पर नहीं है। ​मामले की गंभीरता को देखते हुए गठित छापेमारी दल का नेतृत्व कर रहे ओरमांझी थाना प्रभारी शशिभूषण चौधरी ने बताया कि हमें तकनीकी साक्ष्यों और गुप्त सूचनाओं से इस गिरोह के बारे में इनपुट मिले थे। ये अपराधी काफी शातिर हैं और रेकी करने के बाद ही घटना को अंजाम देते थे। हमने बोकारो और रांची के अलग-अलग इलाकों से तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनके पास से 61,500 रुपये नकद और 4 एंड्राइड फोन बरामद हुए हैं। घटना में इस्तेमाल की गई दोनों बाइक (पल्सर और पैशन) भी जब्त कर ली गई हैं। इनके अन्य साथियों और चोरी के बाकी जेवरातों की बरामदगी के लिए तलाश जारी है।

Spread the love